The smart Trick of balki: That Nobody is Discussing

This occasion encourages us for making profound connections with our interior selves, which encourages spiritual expansion and peace. This holy year reminds us the core of devotion may be the purity of our hearts as well as the sincerity of our prayers.

फूल, कपूर, अगरबत्ती, ज्योत के साथ पंचोपचार पूजा करें।

गुप्त नवरात्रि के दौरान देवी दुर्गा की दस महाविद्याओं (काली, तारा, बगलामुखी, त्रिपुरसुंदरी, छिन्नमस्ता, भुवनेश्वरी, धूमावती, मातंगी, कमला और भैरवी) की साधना की जाती है। ये महाविद्याएं साधक को विशेष आध्यात्मिक शक्तियां और सिद्धियां प्रदान करती हैं।

यह समय साधक को आध्यात्मिक शक्ति और आत्मविश्वास प्रदान करता है।

यह पूरे विश्व में लोगों के लिए नुकसान देने वाला हो सकता है. भगवती की विदाई मुर्गे पर होगी, जो भी अच्छा नहीं माना जाता. यह लड़ाई और डर पैदा करने वाला संकेत देता है.

विश्वविद्यालय फर्जी मार्कशीट बांट रहा था.

पूरे परिवार सहित माता का स्वागत करें, उनका पूजन, आरती करके भोग लगाएं और उनसे सुख-समृद्धि की कामना करें।

नौ दिनों तक सात्विक भोजन करें और विचारों को पवित्र रखें।

दुर्गा सप्तशती, देवी स्तोत्र या महालक्ष्मी मंत्र का पाठ करें।

मंत्र साधना: साधक अपनी साधना के अनुसार गुरु से प्राप्त मंत्रों का जाप कर सकते हैं।

गुप्त नवरात्रि पर्व के दिनों में सुबह जल्द उठकर दैनिक कार्यों से निवृत्त होकर स्नान करने के बाद स्वच्छ कपड़े पहनें।

मां दुर्गा की प्रतिमा को लाल रंग के वस्त्र में सजाएं।

यह भी पढ़ें: संकट मोचन है ये पौधा…घर में आए दिन होती है get more info खटपट, बनी रहती है बीमारी?

कलश के मुख पर आम या अशोक के पत्ते लगाएं।

* हर तरह की बुरी आत्माओं से माता काली रक्षा करती हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *